
आवापल्ली से क्या इन नामो पर लगी मुहर ?
ग्राउंड से लौटकर भरत दुर्गम(VIHAAN)की रिपोर्ट …..
हाई प्रोफाइल सीट आवापल्ली में टिकट को लेकर नेताओ की खटपट तेज।

बीजापुर:-आँचार सहिता लगने के बाद उसूर ब्लॉक में दावेदारो की मुसीबत तेज हो गई है।आपको बता दे कि उसूर ब्लॉक में भारतीय जनता पार्टी से जिला पंचायत सदस्य के लिए 2 प्रमुख चेहरे है।जिसमे एक जानकी कोरसा और दूसरा शंकरैय्या मडवी है।गौरतलब है कि दोनों ने ही आवापल्ली बीट से जिला पंचायत सदस्य पद हेतु चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है।परंतु जानकी कोरसा दो बार की जिला पंचायत सदस्य में मजी हुई खिलाडी है।वही शंकरैय्या मंडवी जनपद सदस्य रहे चुके है और शंकरैय्या भी आवापल्ली क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ने के लिए पार्टी में अपनी अभिलाषा व्यतीत कर चुके है।दोनों चेहरा bjp में उसूर ब्लॉक से प्रमुख चेहरा है जो पार्टी के लिए विषमताओं में भी खड़ी रहे है।शंकरैय्या मड़वी उसूर ब्लॉक के युवाओं के चहते भी है, नए वर्ष हो, या किसी युवा का जन्मदिन हो, या चेट्टी हो,या अन्य कार्यक्रम इन सब मे सम्मलित होकर लोगो का मनोबल बढ़ाते है।जिसकी वजह से युवाओं में अपनी एक अलग छाप छोडे हुए है।अब देखना ये होगा कि भारतीय जनता पार्टी किस चेहरा पर अपनी दाव इस बार खेलती है।
भाजपा से एक ही क्षेत्र से दोनों उम्मीदवार ने दावेदारी करी.. उसूर ब्लॉक में कांग्रेस की बात करे तो कांग्रेस से आवापल्ली क्षेत्र के प्रमुख दावेदारो में कमलेश कारम और मनोज अवलम है।दोनों ही युवा है और युवाओं के बीच सहित समाज मे भी अपनी पकड़ मजबूत बनाये हुए है।कमलेश कारम जिला पंचायत उपाध्यक्ष रहे चुके है और मनोज अवलम जनपद अध्यक्ष रहे चुके है।दोनों ने ही चुनाव लड़ने के लिए अपने अपने स्तर से पार्टी में अपनी प्रभल दावेदारी पेश कर दी है।अब देखना होगा कांग्रेस पार्टी किस चेहरा पर मुहर लगाती है और किस पर अपनी दाव खेलती है।दोनों पार्टी में कोई भी प्रत्याशी टिकट मिलने बाद मैदान में भी आता है तो इनको इनके पार्टी के लोगो के द्वारा जो नुकसान आम जन मानस को कराई गई उसकी खामियाजा चुनाव वक्त तो जनता देगी। गौरतलब है कि कांग्रेस ने ग्राम उसूर की पंचायत चुनाव हारने के बाद वँहा के स्थानीय स्तर के आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवम कलेक्टर दर जैसे छोटे छोटे शासकीय कर्मचारियों को अपने जगह से हटाकर भैरमगढ़ ब्लॉक के अंतिम सिमा पर फ़ेरबदल कर बदला लिया था।ऐसे लोगो के बहुत से परिवार है जो आवापल्ली में निवासरत है जो आगामी दिनों की चुनाव में कांग्रेस से कोई भी प्रत्याशी हो उसका नुकसान भी हो सकता है।वही भाजपा की बात करे तो कांग्रेस के विचारधारा के लोग समीकरण बिगाड़ सकते है।वही सत्ता परिवर्तन होने बाद जिन्होंने भी आमजनमानस को क्षति पहुँचाई है उनसे भाजपा को भी नुकसान हो सकता है।अब चुनाव का भिगुल बज चुका है।अब देखना ये होगा पार्टी किस पर अपनी विश्वास जताती है और किस चेहरा पर पार्टी अपनी दांव लगाकर मैदान में भेजती है।बरहाल विहान बस्तर ने जब आवापल्ली के क्षेत्र में आम जनमानस से चर्चा करने शुरू की तो, बहुत से लोगो ने कांग्रेस-भाजपा की तारीफ की ,तो बहुत से लोगो ने स्थानीय पार्टी के नेता जिन्होंने बहुत से शासकिय कर्मचारियों सहित आम लोगो को परेशान किये है ।जिसका खामियाजा इनको चुनाव में दिखायेंगे इस तरह के लहजे का इस्तेमाल करते हुए नजर आए।इस तरह की चर्चा आवापल्ली क्षेत्र क्रमाक 09 के गली गली मोहल्ले गांव-कस्बा में होनी लगी है।अब चेहरा तय करेगा किसमे कितना है दम.


भरत दुर्गम(VIHAAN)की ग्राउंड से लौटकर ये रिपोर्ट..












